छत्तीसगढ़

अपने बड़े भाई की हत्या करने एवं साक्ष्य छिपाने के दोषसिद्ध आरोपी को न्यायालय द्वारा आजीवन कारावास एवं अर्थदण्ड की सजा से दण्डित किया गया..

जशपुर : प्रार्थिया संगीता मांझी निवासी लवाकेरा ने दिनांक 05.05.2020 को थाना तपकरा में रिपोर्ट दर्ज कराई कि दिनांक 04.05.2020 की रात्रि में किसी ने इनके घर के बाहर के दरवाजा को बंद कर दिया था, जिस पर यह पड़ोस में रहने वाली एक महिला को आवाज देकर दरवाजा खोलने हेतु बोलने पर खोलने से ये लोग घर से बाहर निकल पाये।

कुछ देर बाद प्रार्थिया के पति कृष्णा राम घर में यह बोलकर बाहर निकले कि बाहर जाकर पता करता हूं कि कौन दरवाजा बंद किया था, इसके पश्चात् प्रार्थिया के देवर अर्जून राम के घर के बाहर मारने की आवाज सुनकर प्रार्थिया दोनों बच्चों के साथ वहां पहुंची तो देखी कि इसके पति को दरवाजा बंद करने की शंका पर विवाद करते हुये अर्जून राम लकड़ी का बहिंगा (लकड़ी) से वार कर रहा था, कई बार वार करने से कृष्णा राम की मृत्यू हो गई।

अर्जून राम ने खून लगे कपड़े को छिपा दिया था। प्रार्थिया की रिपोर्ट पर थाना तपकरा में धारा 302, 201 भा.द.वि. का अपराध पंजीबद्ध कर आरोपी अर्जून राम उम्र 35 साल निवासी लवाकेरा ग्यारटोली को दिनांक 06.05.2020 को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया। अनुसंधान उपरांत आरोपी के विरूद्ध अभियोग पत्र माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।

उक्त प्रकरण में अपर सत्र न्यायाधीश कुनकुरी (छ.ग.) द्वारा आदेश पारित किया गया कि अभियोजन साक्ष्य की विवेचना से प्राप्त निष्कर्षों के आधार पर प्रकरण के आरोपी अर्जून राम को धारा 302 भा.द.वि. में दोषसिद्ध पाये जाने पर आजीवन कारावास और 2000 रू. अर्थदण्ड के दण्ड से दण्डित किया गया है। अर्थदण्ड की राशि अदा नहीं किये जाने पर 01 वर्ष का अतिरिक्त कारावास पृथक से आदेशित किया गया है। प्रकरण की विवेचना उप निरीक्षक बंशनारायण शर्मा द्वारा की गई। प्रकरण में अभियोजन पक्ष की ओर से श्रीमती श्यामा महानंद अपर लोक अभियोजक थे।

𝐁𝐡𝐢𝐬𝐦 𝐏𝐚𝐭𝐞𝐥

𝐄𝐝𝐢𝐭𝐨𝐫 𝐢𝐧 𝐇𝐢𝐧𝐝𝐛𝐡𝐚𝐫𝐚𝐭𝐥𝐢𝐯𝐞 𝐍𝐞𝐰𝐬
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