छत्तीसगढ़ में दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार एक बार फिर तेज हो गई है। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, प्रदेश में अगले 5 दिनों तक मानसून के पूरी तरह सक्रिय रहने और मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी रहने की प्रबल संभावना है।
बीते 24 घंटों के दौरान बिलासपुर संभाग सहित राज्य के कई जिलों में झमाझम बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने बुधवार को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा के साथ ही कुछ स्थानों पर भारी बारिश और वज्रपात (बिजली गिरने) की चेतावनी जारी की है।
⚡ इन प्रणालियों के असर से बदला मौसम का मिजाज
मौसम विज्ञानियों के मुताबिक, वर्तमान में सक्रिय मानसून द्रोणिका (Monsoon Trough) और उत्तरी छत्तीसगढ़ से लेकर दक्षिण ओडिशा तक फैले चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) के प्रभाव से नमी का आगमन लगातार बना हुआ है। इसी सिस्टम के चलते पूरे छत्तीसगढ़ में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी देखी जा रही है।
गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने (वज्रपात) की आशंका को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों को खुले मैदानों, पेड़ों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी है।
🌧️ रायपुर और आसपास के मौसम का हाल
राजधानी रायपुर और आसपास के इलाकों में बुधवार को दिनभर बादल छाए रहेंगे। शहर के अलग-अलग हिस्सों में कुछ दौर की गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है। बारिश के चलते तापमान में गिरावट आएगी, जिससे लोगों को उमस से राहत मिलेगी।
🌧️ बीते 24 घंटों में कहां कितनी दर्ज हुई बारिश?
प्रदेश में पिछले 24 घंटों के दौरान रायगढ़ और पेंड्रा में सबसे ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। आंकड़े इस प्रकार हैं:
- 130 मिमी बारिश: रायगढ़
- 120 मिमी बारिश: पेंड्रा
- 100 मिमी बारिश: पुसौर और तमनार
- 90 मिमी बारिश: बरपाली
- 70 मिमी बारिश: सारंगढ़, रामचंद्रपुर, मालखरौदा, कुटरू, अकलतरा, बम्हनीडीह, डभरा, अड़भार, बलौदा और दोरा कोचली
- 60 मिमी बारिश: मस्तूरी, सरसीवा, दर्री, खरसिया, वाड्रफनगर, लटोरी, नवागढ़, छिंदगढ़, कापू और अमलीपदर




















