छत्तीसगढ़ के मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलने वाला है। बंगाल की खाड़ी में विकसित हो रहे एक नए दबाव क्षेत्र के कारण प्रदेश में 27 अक्टूबर से वर्षा वितरण और उसकी तीव्रता में उल्लेखनीय वृद्धि होने की संभावना है। मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है कि यह सिस्टम धीरे-धीरे चक्रवाती तूफान का रूप ले सकता है, जिसका सीधा असर छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में दिखाई देगा।
प्रमुख पूर्वानुमान:
- वर्षा की संभावना: 27 अक्टूबर से दक्षिण और मध्य छत्तीसगढ़ के हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश, मेघगर्जन और वज्रपात की संभावना है। अगले चार दिनों तक दक्षिण छत्तीसगढ़ के अधिकांश इलाकों में गरज-चमक के साथ वर्षा जारी रह सकती है।
- चक्रवाती तूफान का खतरा: दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी के ऊपर सक्रिय कम दबाव का क्षेत्र 25 अक्टूबर तक अवदाब, 26 अक्टूबर तक गहरे अवदाब और 27 अक्टूबर की सुबह तक चक्रवाती तूफान में तब्दील हो सकता है।
- चेतावनी: कुछ स्थानों पर बिजली गिरने और गरज-चमक के साथ छींटे पड़ने की भी चेतावनी जारी की गई है। किसानों और आम जनता को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
वर्तमान स्थिति और तापमान:
- अधिकतम तापमान: शुक्रवार को सर्वाधिक अधिकतम तापमान 33.5 डिग्री सेल्सियस राजनांदगाँव और दुर्ग में दर्ज किया गया।
- न्यूनतम तापमान: सबसे कम न्यूनतम तापमान 18.0 डिग्री सेल्सियस अंबिकापुर में रिकॉर्ड हुआ।
- वर्षा के आंकड़े (सेमी में): दंतेवाड़ा (3), बड़े बचेली (3), भैरमगढ़ (2), लोहांडीगुड़ा (2), दरभा (1), दोरनापाल (1), कोंटा (1), गीदम (1), सुकमा (1), बीजापुर (1) सेमी वर्षा दर्ज की गई।
राजधानी रायपुर का स्थानीय पूर्वानुमान (25 अक्टूबर):
- आकाश: सामान्यतः मेघमय रहेगा।
- अधिकतम तापमान: लगभग 30^\circ\text{C} रहने की संभावना है।
- न्यूनतम तापमान: 24^\circ\text{C} के आसपास रहने का अनुमान है।
आगामी दिनों का दृष्टिकोण:
आगामी दो दिनों के बाद भी प्रदेश में एक-दो स्थानों पर मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम वर्षा जारी रहने का अनुमान है। बंगाल की खाड़ी में बन रहे इस सिस्टम के चलते छत्तीसगढ़ में एक बार फिर मानसूनी अंदाज़ में बारिश लौटने की संभावना है।




















